Rp Insight

यात्रा तो शुरू करो, रास्ते मिल ही जायेंगें -- आर.पी.यादव

तुम्हारा हर एक दिन, एक जीवन के समतुल्य है -- आर.पी.यादव

सूर्यास्त होने तक मत रुको, चीजें तुम्हे त्यागने लगे, उससे पहले तुम्ही उन्हें त्याग दो -- रामधारी सिंह दिनकर

हर परिस्थिति में एक खुबसूरत स्थिति छुपी होती है --आर पी यादव

ज्ञान और जानकारी का अद्भुत संगम

सपनों की स्वतंत्रता
Poetry

सपनों की स्वतंत्रता

सपनों की स्वतंत्रता एक कविता है जो यह बताती है कि व्यक्ति जिन भावनाओं को चेतन अवस्था में नहीं व्यक्त पाता वह सपने में व्यक्त हो जाती हैं .

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पराई होती जिंदगी
Poetry

पराई होती जिंदगी

पराई होती जिंदगी एक कविता के रूप में व्यक्ति की मज़बूरी चित्रित करता है. व्यक्ति अपने लिए कुछ नहीं कर पाता . उसकी अपनी ही जिंदगी उसके वश में नहीं होती.

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कल, आज और कल
Poetry

कल, आज और कल

अक्सर गुजरा हुआ सुनहरा वक्त, वर्तमान परिदृश्य में संदेहित हो जाता है . यकीन नही होता कि वास्तव में वह सच था या झूठ. “कल आज और कल ” इसी को चित्रित कराती रचना है.

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क्या करोगे नवबर्ष पाकर
Poetry

क्या करोगे नववर्ष पाकर ?

कुछ लोग नववर्ष पर पागल हो जाते है. उन्हें भ्रम होता है एक नववर्ष पाने का और मुझे अफ़सोस होता है एक और वर्ष खोने का. हर बार नव वर्ष पूछता है “क्या करोगे नवबर्ष पाकर ?”

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